Kanpur । अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर शरद शाखा सावरकर नगर में स्वास्थ्य, अनुशासन और संस्कारों का अनूठा संगम देखने को मिला। स्वयंसेवकों और मातृशक्ति ने सामूहिक योगाभ्यास कर निरोग जीवन का संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ परम पूज्य डॉ. केशव राव बलिराम हेडगेवार के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया गया।

प्रांत घोष प्रमुख विनायक ने कहा कि योग केवल शरीर को स्वस्थ रखने का माध्यम नहीं, बल्कि जीवन में संतुलन, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच विकसित करने का सशक्त साधन भी है। उन्होंने सभी से नियमित योग को दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
योग सत्र में विनोद, सुधीर और कुंवारी स्थापना ने विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास कराया। प्रतिभागियों ने पूरे उत्साह और अनुशासन के साथ योग क्रियाओं में भाग लिया। कार्यक्रम में कुल 71 लोगों की सहभागिता रही, जिनमें 23 मातृशक्ति शामिल रहीं।
विभाग कार्यकारिणी सदस्य ज्ञानेंद्र ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है, जो व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त बनाती है। उन्होंने स्वस्थ, जागरूक और संस्कारित समाज के निर्माण में योग की भूमिका पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम के अंत में सभी ने नियमित योगाभ्यास करने तथा समाज में स्वास्थ्य जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया।


