Kanpur । श्री प्रखर परोपकार मिशन ट्रस्ट कानपुर इकाई की ओर से बांग्ला नंबर-21, कैंट में गुरु पूर्णिमा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महामंडलेश्वर स्वामी श्री प्रखर जी महाराज के चित्र पर तिलक व आरती कर भक्तों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। कार्यक्रम में गुरु के प्रति सम्मान, कृतज्ञता और समर्पण का भाव दिखाई दिया।
ट्रस्ट के श्री विश्वनाथ कनोडिया ने कहा कि मनुष्य के जीवन निर्माण में गुरु की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। जिन गुरुओं ने जीवन को दिशा देने और संस्कारों के निर्माण में योगदान दिया है, उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का पर्व ही गुरु पूर्णिमा है।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिष्यों को संबोधित करते हुए महामंडलेश्वर स्वामी श्री प्रखर जी महाराज ने कहा कि अज्ञान रूपी अंधकार को दूर कर सही मार्ग दिखाना और चरित्र निर्माण करना गुरु का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि माता-पिता मनुष्य के प्रथम गुरु होते हैं, जो जीवन के संस्कार प्रदान करते हैं।
उन्होंने गीता के श्लोक का उल्लेख करते हुए कहा कि तत्वदर्शी ज्ञानी पुरुषों के पास जाकर विनम्रता से प्रणाम, प्रश्न और सेवा भाव रखना चाहिए, क्योंकि वे सत्य का दर्शन कर चुके होते हैं और ज्ञान का मार्ग दिखाते हैं। उन्होंने कहा कि गुरु-शिष्य का संबंध अटूट विश्वास पर आधारित होता है। शिष्य को अहंकार त्यागकर गुरु के प्रति समर्पण भाव रखना चाहिए और उनकी आज्ञा का पालन करना चाहिए।
कार्यक्रम का संयोजन सुरेश गुप्ता ने किया। इस दौरान सत्यनारायण नेवटिया, प्रदीप गुप्ता एडवोकेट, नरेश चंद्र त्रिपाठी, राजकुमार कनोडिया, मदन कनोडिया, राजकुमार नेवटिया, अमित अग्रवाल, ऋचा अग्रवाल, अभिषेक कनोडिया, नवीन कुमार, ईश्वर चंद्र वर्मा, सीता कनोडिया, पुष्पा कनोडिया, सरोज नेवटिया, कस्तूरी गुप्ता, गौरव तिवारी, कमलेश कुमार सहित बड़ी संख्या में भक्त मौजूद रहे।


