Kanpur। काकादेव के ओम चौराहे पर कारोबारी अमित कुमार गुप्ता की हत्या के मामले में रविवार को पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य नामजद आरोपी संजय ढाबा को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पांडुनगर क्षेत्र में घेराबंदी के दौरान पुलिस के रोकने पर आरोपी ने फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में उसके दोनों पैरों में गोली लगी। पुलिस ने घायल आरोपी को अस्पताल में भर्ती कराया है।
डीसीपी सेंट्रल अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि पांच सितंबर की रात अमित कुमार गुप्ता के साथ मारपीट हुई थी। गंभीर रूप से घायल अमित की आठ सितंबर को उपचार के दौरान मौत हो गई थी। घटना के बाद पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की। मुख्य आरोपी संजय ढाबा के खिलाफ 50 से अधिक मुकदमे दर्ज होने की बात सामने आई है। उसकी गिरफ्तारी के लिए चार पुलिस टीमें लगाई गई थीं।
सोशल मीडिया पर वीडियो बनाकर खुद को बताया बेगुनाह
पूछताछ में संजय ने पुलिस को बताया कि एक पत्रकार ने उसे सोशल मीडिया पर खुद को निर्दोष बताते हुए वीडियो प्रसारित करने की सलाह दी थी। इसके बाद उसने वीडियो जारी कर खुद को बेगुनाह बताया। डीसीपी ने कहा कि पत्रकार से जुड़े इस तथ्य की भी विवेचना की जा रही है।
पेशाब करने से रोकने पर हुआ था विवाद
पुलिस के मुताबिक पांच सितंबर की रात सड़क पर पेशाब करने से रोकने को लेकर नशे में धुत युवकों का अमित से विवाद हुआ था। आरोप है कि इसके बाद युवकों ने उनके साथ मारपीट की और ईंट-पत्थरों से हमला कर दिया। पांडुनगर पुलिस चौकी से करीब 300 मीटर दूर हुई घटना में अमित गंभीर रूप से घायल हुए थे।
मामले में हितेंद्र श्रीवास्तव उर्फ मोनू नेता, कुशल श्रीवास्तव, संजय ढाबा और अश्वनी यादव के नाम सामने आए हैं। संजय की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब फरार अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही है।


