केस स्टडी और मूट कोर्ट से अधिकारियों ने सीखी वन्यजीव अपराध की जांच व कानूनी कार्रवाई की बारीकियां
Kanpur । वानिकी प्रशिक्षण संस्थान में वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो और भारतीय वन्यजीव संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय क्षमता संवर्धन प्रशिक्षण कार्यक्रम का शनिवार को समापन हुआ। दूसरे दिन अधिकारियों को वन्यजीव अपराध के मामलों में दबिश, घटनास्थल की जांच, साक्ष्य जुटाने, गिरफ्तारी और न्यायालय में मुकदमा प्रस्तुत करने की प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।प्रशिक्षण के दौरान विशेषज्ञों ने दबिश के समय बरती जाने वाली सावधानियों और घटनास्थल को सुरक्षित रखने के तरीके बताए।
देश के विभिन्न हिस्सों में वन्यजीव अपराध के खिलाफ हुई कार्रवाई की केस स्टडी के जरिए जांच की चुनौतियों और महत्वपूर्ण कानूनी पहलुओं की जानकारी दी गई।अधिकारियों की टीम बनाकर वन्यजीव अपराध की काल्पनिक घटना का अभ्यास कराया गया। इसमें घटनास्थल की जांच, साक्ष्य संकलन और कानूनी कार्रवाई के साथ फर्द बरामदगी, गिरफ्तारी मेमो और मुकदमा पंजीकरण से जुड़े अभिलेख तैयार कराए गए।
मूट कोर्ट में न्यायालय की कार्यवाही, साक्ष्यों की प्रस्तुति और न्यायिक वाद-विवाद का भी अभ्यास कराया गया।समापन समारोह में प्रशिक्षण देने वाले विशेषज्ञों को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो के उपनिदेशक नायर विष्णुराज और प्रभागीय निदेशक कानपुर नगर आकांक्षा जैन ने प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए।


