Kanpur। शहर के सार्वजनिक परिवहन को नई रफ्तार देने की तैयारी शुरू हो गई है। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) ने शहर में मेट्रो नेटवर्क के बड़े विस्तार का मास्टरप्लान तैयार किया है। प्रस्तावित योजना के तहत 83 किलोमीटर लंबे सात नए मेट्रो कॉरिडोर विकसित किए जाएंगे, जिससे कानपुर के बाहरी क्षेत्रों के साथ-साथ पड़ोसी जनपद उन्नाव भी मेट्रो नेटवर्क से जुड़ जाएगा।
शहर से गांव और उपनगर तक पहुंचेगी मेट्रो
मौजूदा मेट्रो नेटवर्क को आगे बढ़ाते हुए यूपीएमआरसी ने ऐसे रूट प्रस्तावित किए हैं जो शहर के प्रमुख आवासीय, औद्योगिक और धार्मिक क्षेत्रों को जोड़ेंगे। इससे लाखों दैनिक यात्रियों को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का विकल्प मिलेगा।
सात नए कॉरिडोर का प्रस्ताव
मास्टरप्लान में जिन नए मार्गों को शामिल किया गया है, उनमें गुमटी नंबर-5 से उन्नाव, आईआईटी से नौबस्ता, किदवई नगर से बैराज, स्वरूप नगर से बिठूर, जाजमऊ से चकेरी, कल्याणपुर से पनकी तथा बर्रा से एयरपोर्ट तक के रूट प्रमुख हैं। इन कॉरिडोरों के विकसित होने से शहर के लगभग हर प्रमुख क्षेत्र को मेट्रो कनेक्टिविटी मिल सकेगी।
उन्नाव को मिलेगा सीधा लाभ
विस्तार योजना की सबसे बड़ी विशेषता कानपुर और उन्नाव के बीच मेट्रो संपर्क है। बड़ी संख्या में लोग रोजाना रोजगार, शिक्षा और व्यापार के लिए दोनों शहरों के बीच आवागमन करते हैं। मेट्रो सेवा शुरू होने से यात्रा का समय कम होगा और सड़क यातायात पर दबाव भी घटेगा।
ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत
83 किलोमीटर के अतिरिक्त नेटवर्क के निर्माण के बाद शहर में निजी वाहनों पर निर्भरता कम होने की उम्मीद है। इससे प्रमुख मार्गों पर लगने वाले जाम में कमी आएगी और प्रदूषण नियंत्रण में भी मदद मिलेगी। साथ ही औद्योगिक क्षेत्रों, एयरपोर्ट और धार्मिक स्थलों तक पहुंच आसान हो जाएगी।
विकास को मिलेगी नई दिशा
विशेषज्ञों का मानना है कि मेट्रो विस्तार से शहर के बाहरी इलाकों में निवेश और विकास की संभावनाएं बढ़ेंगी। बिठूर, पनकी, चकेरी और जाजमऊ जैसे क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को नया बल मिलेगा। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद परियोजना पर आगे की कार्रवाई शुरू होने की उम्मीद है। कानपुर के लिए यह योजना शहरी विकास और आधुनिक परिवहन व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।


