New delhi । राष्ट्रमण्डल रजत विजेता वेटलिफ्टर रिशिकांता सिंह घुटने की चोट के कारण 19 सितंबर से जापान में होने वाले एशियाई खेलों से बाहर हो गये हैं। रिशिकांता के बाहर होने से भारत को एक झटका लगा है क्योंकि वह पदक के दावेदार माने जा रहे थे। रिशिकांता सिंह के घुटने में चोट लगी है। वहीं एथलेटिक्स टीम में भी बदलाव किये गये हैं और भाला फेंक खिलाड़ी अन्नू रानी, लंबी कूद के खिलाड़ी शाहनवाज खान और धाविका नित्या गांधे को भी अलग-अलग कारणों से टीम से बाहर कर दिया गया है।
60 किलोग्राम वर्ग के वेटलिफ्टर रिशिकांता सिंह को घुटने में चोट लगी है। ये चोट उन्हें जुलाई में ग्लासगो राष्ट्रमण्डल खेलों में रजत पदक जीतने से ठीक पहले लगी थी। हाल में मेडिकल जांच के बाद भारतीय वेटलिफ्टिंग महासंघ ने कहा है कि रिशिकांता को करीब एक महीने के विशेष रिहैबिलिटेशन की जरुरत है। , जिसके कारण वह एशियाई खेलों से बाहर हो गये हैं।
उनके बाहर होने के बाद अब भारत की वेटलिफ्टिंग टीम में चार महिला खिलाड़ी शामिल रहेंगी। इसमें टोक्यो ओलंपिक की रजत पदक विजेता मीराबाई चानू (49 किग्रा), ज्ञानेश्वरी यादव (53 किग्रा), निरुपमा देवी (61 किग्रा) और हरजिंदर कौर (69 किग्रा)। वहीं एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया ने चयन समिति की बैठक के बाद भारतीय एथलेटिक्स दल में बदलाव करते हुए टीम की संख्या घटाकर 74 कर दी है।
इसमें भाला फेंक खिलाड़ी अन्नू रानी को बाहर किया गया है, क्योंकि वह एशियाई खेलों के लिए निर्धारित 57.62 मीटर के प्रवेश मानक से मामूली अंतर (57.50 मीटर) से रह गयीं थीं। वहीं लंबी कूद के खिलाड़ी शाहनवाज खान भी चोट की समस्या से जूझ रहे थे, जिससे उनका प्रदर्शन प्रभावित हुआ और अंतिम ट्रायल में वह छठे स्थान पर रहे, जिसके कारण उन्हें भी टीम से बाहर होना पड़ा। स्प्रिंटर नित्या गांधे को 100 मीटर दौड़ में नौवें स्थान पर रहने के बाद टीम से बाहर कर दिया गया है, और उनकी जगह अब हरिता भद्रा महिलाओं की 4 गुणा 400 मीटर रिले टीम में शामिल किया गया है।
वहीं कुछ प्रमुख खिलाड़ियों को अंतिम ट्रायल में हिस्सा नहीं लेने के बाद भी शामिल किया गया है। ट्रिपल जंपर प्रवीण चित्रवेल, हाई जंपर सर्वेश कुशारे, 100 मीटर हर्डल्स खिलाड़ी ज्योति याराजी और 400 मीटर हर्डल्स धावक यशस पालाक्षा शामिल हैं। ये सभी खिलाड़ी राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक हैं और मेडिकल मंजूरी मिलने के बाद भारतीय दल के साथ जापान की यात्रा कर सकेंगे।


