Mumbai । वर्ष 2001 में रिलीज हुई फिल्म ‘नायक: द रियल हीरो’ समय के साथ और लोकप्रिय होती गई। बॉलीवुड अभिनेता अनिल कपूर के करियर में कई ऐसे किरदार हैं, जिन्हें दर्शक आज भी याद करते हैं। फिल्म ने यह सवाल उठाया था कि अगर एक आम इंसान को व्यवस्था बदलने की ताकत मिल जाए, तो वह उस ताकत का इस्तेमाल किस तरह कर सकता है। फिल्म की रिलीज के 25 साल पूरे होने पर अनिल कपूर ने शिवाजी राव के किरदार को याद करते हुए बताया कि यह भूमिका आज भी उनके दिल के बेहद करीब क्यों है।
अनिल कपूर ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि शिवाजी राव का किरदार उन्हें केवल इसलिए आकर्षक नहीं लगा था कि एक आम आदमी मुख्यमंत्री बन जाता है। उन्हें सबसे ज्यादा यह बात प्रभावित करती थी कि सत्ता मिलने के बाद शिवाजी अपनी शक्ति का इस्तेमाल लोगों की जिंदगी बेहतर बनाने के लिए करता है।
अभिनेता ने कहा कि ऐसे उद्देश्य वाले किरदार को पर्दे पर निभाना उनके लिए सम्मान की बात थी और यही वजह है कि 25 साल बाद भी ‘नायक’ दर्शकों के बीच अपनी खास जगह बनाए हुए है। उन्होंने यह भी कहा कि अपने देश से प्यार और लोगों के लिए कुछ बेहतर करने की इच्छा कभी पुरानी नहीं हो सकती। अनिल कपूर ने फिल्म का हिस्सा बनने पर गर्व जताते हुए कहा कि यह ऐसी कहानी थी, जो व्यवस्था में बदलाव और बेहतर समाज की उम्मीद जगाती है।
‘नायक’ का निर्देशन तमिल फिल्ममेकर एस. शंकर ने किया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, शिवाजी राव की भूमिका के लिए अनिल कपूर पहली पसंद नहीं थे। शुरुआत में निर्देशक ने इस किरदार के लिए आमिर खान और शाहरुख खान से संपर्क किया था, लेकिन बाद में यह भूमिका अनिल कपूर को मिली और उन्होंने अपने अभिनय से इसे यादगार बना दिया।
फिल्म में अनिल कपूर ने टीवी रिपोर्टर शिवाजी राव की भूमिका निभाई थी। कहानी में वह मुख्यमंत्री बलराज चौहान से भ्रष्टाचार और प्रशासन की नाकामियों को लेकर तीखे सवाल पूछता है। बलराज चौहान का किरदार अमरीश पुरी ने निभाया था।
सवालों से नाराज मुख्यमंत्री उसे चुनौती देते हैं कि अगर वह बेहतर शासन चला सकता है तो एक दिन के लिए मुख्यमंत्री बनकर दिखाए। शिवाजी चुनौती स्वीकार करता है और मुख्यमंत्री बनते ही ऐसे फैसले लेने लगता है, जिनसे आम लोगों को राहत मिलती है और राजनीतिक व्यवस्था में हलचल मच जाती है। फिल्म में रानी मुखर्जी, परेश रावल, जॉनी लीवर और सौरभ शुक्ला ने भी अहम भूमिकाएं निभाईं।


