609 नवचयनितों को मिला नियुक्ति पत्र, बोले—भर्ती व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी और भ्रष्टाचार मुक्त हुई
Lucknow । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि उत्तर प्रदेश ने पिछले नौ वर्षों में 9 लाख से अधिक सरकारी नौकरियों की पारदर्शी भर्तियां कर देश में एक नया रिकॉर्ड स्थापित किया है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि इस बात का प्रमाण है कि प्रदेश में अब भर्ती प्रक्रियाएं पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न हो रही हैं।

मुख्यमंत्री रविवार को लोक भवन में आयोजित नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के 357 कनिष्ठ विश्लेषक (औषधि) तथा चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के 252 दंत स्वास्थ्य विज्ञानियों सहित कुल 609 नवचयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए।
सीएम योगी ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की पहचान “बीमारू राज्य” के रूप में होती थी, जिसका प्रमुख कारण भर्ती प्रक्रियाओं में व्याप्त भ्रष्टाचार, भेदभाव और अनियमितताएं थीं। उन्होंने कहा कि उस समय योग्य अभ्यर्थियों को अवसर नहीं मिल पाता था और कई चयन प्रक्रियाएं न्यायालय में भी लंबित रहती थीं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद भर्ती व्यवस्था में व्यापक सुधार किया गया और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सख्त कानून लागू किए गए। अब भर्ती में गड़बड़ी करने वालों को आजीवन कारावास और संपत्ति जब्ती तक का प्रावधान किया गया है।
उन्होंने बताया कि चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में डेढ़ लाख से अधिक सरकारी भर्तियों की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसमें उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग, शिक्षा चयन आयोग और लोक सेवा आयोग महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में पुलिस विभाग में 2.20 लाख से अधिक भर्तियां पूरी की जा चुकी हैं, जिससे कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है। उन्होंने कहा कि पहले जहां विभागों में संसाधनों और मैनपावर की कमी थी, वहीं अब व्यवस्था मजबूत हो चुकी है।
उन्होंने यह भी बताया कि खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग में प्रयोगशालाओं का विस्तार किया गया है। पहले जहां केवल 5 लैब थीं, अब इनकी संख्या बढ़कर 18 हो गई है। इससे जांच क्षमता में कई गुना वृद्धि हुई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में बेहतर कानून व्यवस्था और निवेश अनुकूल माहौल के चलते निवेश तेजी से बढ़ा है। हाल ही में फार्मा सेक्टर में 17 निवेश प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई है, जिससे रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक, मंत्री दया शंकर मिश्रा ‘दयालु’, मयंकेश्वर शरण सिंह, अपर मुख्य सचिव अमित घोष, प्रमुख सचिव एम. देवराज, रोशन जैकब सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


