नीतीश रेड्डी के साथ मिलकर पलटा मैच, एक गेंद शेष रहते न्यूजीलैंड को चार विकेट से हराया
New delhi । तिलक वर्मा की नाबाद अर्धशतकीय पारी और नीतीश कुमार रेड्डी के साथ उनकी आतिशी साझेदारी ने भारतीय टीम को रोमांचक जीत दिला दी। भारत ने दूसरे टी-20 मुकाबले में न्यूजीलैंड को चार विकेट से हराकर पांच मैचों की सीरीज में 2-0 की बढ़त बना ली। भारतीय टीम ने 181 रन का लक्ष्य एक गेंद शेष रहते हासिल कर लिया। लगातार विकेट गिरने के बाद मुकाबला फंसता नजर आ रहा था, लेकिन तिलक और नीतीश ने दमदार बल्लेबाजी कर मैच का रुख पलट दिया।
लड़खड़ाती शुरुआत से दबाव में आया भारत

181 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत धीमी रही। संजू सैमसन 17 गेंदों में 14 रन बनाकर आउट हो गए। वैभव सूर्यवंशी केवल चार रन ही बना सके। अभिषेक शर्मा ने 21 गेंदों में 27 रन बनाए, लेकिन वह बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे। कप्तान श्रेयस अय्यर सात और अक्षर पटेल 11 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। लगातार विकेट गिरने से भारतीय टीम मुश्किल में दिखाई देने लगी।
ऐसे समय में नमन धीर ने आक्रामक अंदाज अपनाते हुए 17 गेंदों में 31 रन बनाए। हालांकि, उनके आउट होने के बाद जीत की जिम्मेदारी तिलक वर्मा और नीतीश कुमार रेड्डी पर आ गई।
तिलक और नीतीश ने छीनी जीत
तिलक वर्मा ने दबाव में शानदार बल्लेबाजी करते हुए 26 गेंदों में नाबाद 51 रन बनाए। उनकी पारी में छह चौके और एक छक्का शामिल रहा। दूसरी ओर, नीतीश कुमार रेड्डी ने महज 13 गेंदों में 26 रन ठोक दिए। दोनों के बीच सातवें विकेट के लिए 30 गेंदों में 69 रन की अहम साझेदारी हुई। इसी साझेदारी ने न्यूजीलैंड की जीत की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। तिलक ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन तालमेल दिखाते हुए भारत को लक्ष्य तक पहुंचा दिया। न्यूजीलैंड की ओर से मिचेल सेंटनर ने चार विकेट लिए।
फिलिप्स और जैकब्स ने जमाए अर्धशतक
इससे पहले टॉस जीतकर भारत ने गेंदबाजी का फैसला किया। न्यूजीलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में पांच विकेट खोकर 180 रन बनाए। ग्लेन फिलिप्स ने 43 गेंदों में 70 रन की शानदार पारी खेली, जबकि जैकब्स ने 46 गेंदों में 58 रन बनाए। दोनों के बीच चौथे विकेट के लिए शतकीय साझेदारी हुई। शुरुआती ओवरों में न्यूजीलैंड ने तीन विकेट गंवा दिए थे, लेकिन दोनों बल्लेबाजों ने पारी को संभाल लिया। भारत की ओर से अर्शदीप सिंह ने दो विकेट झटके।
भारतीय टीम ने इस जीत के साथ सीरीज में अपनी स्थिति मजबूत कर ली। तिलक वर्मा की निर्णायक पारी और नीतीश रेड्डी के उपयोगी योगदान ने एक बार फिर साबित किया कि दबाव के क्षणों में मजबूत साझेदारी किसी भी मुकाबले का परिणाम बदल सकती है।


