देहदान महायज्ञ में 316वीं आहुति
Kanpur ।आपातकाल में एक लंबे समय तक जेल में निरुद्ध रहने के बाद बाहर आकर लोकतंत्र सेनानी के रूप में विभूषित किए गए इंदिरा नगर कानपुर निवासी 86 वर्षीय मोहनलाल कटियार की पार्थिव देह देहदान महायज्ञ में 316वीं आहुति के रूप में जी एस वी एम मेडिकल कॉलेज के एनाटॉमी विभाग को समर्पित की गई,ज्ञातव्य है कि 19 जनवरी को तड़के 4 बजे एक निजी अस्पताल में उनका निधन होने पर उनके पुत्र विनोद कुमार न्यायाधीश उपभोक्ता फोरम उरई एवं कानपुर तथा पुत्र डॉ प्रमोद कुमार प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक झांसी ने देहदान अभियान प्रमुख मनोज सेंगर को फोन करके पिता का देहदान संकल्प पूरा कराने का आग्रह किया,।

सेंगर द्वारा तत्काल मेडिकल कॉलेज प्रबंधन से संपर्क कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर शव वाहन को देहदानी के आवास पर सहयोगियों सहित भेजा एवं स्वयं अपनी पत्नी माधवी सेंगर के साथ मेडिकल कॉलेज पहुंचे जहां दोपहर एक बजे दिवंगत देहदानी की देह एनाटॉमी विभाग को सम्मान सहित समर्पित कराई, घर पर पत्नी सरला देवी ने पति को अश्रुपूर्ण विदाई दी,देह समर्पण के समय स्व मोहनलाल के पौत्र डॉ प्रखर पटेल, दिव्यांश सिंह, सुप्रीमकोर्ट अधिवक्ता दिलीप सिंह, सहित पारिवारिक मित्र क्रांति कुमार कटियार, बालेंदु सिंह, प्रो बृजेश कटियार आदि उपस्थित रहे।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के पुत्र थे देहदानी मोहनलाल
मनोज सेंगर ने बताया कि देहदानी मोहनलाल कटियार के पिता स्व घसीटेराम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थे, मोहनलाल कटियार जी लोकतंत्र सेनानी, अर्जक संघ के संस्थापक सदस्य के साथ ही नेहरू इंटर कॉलेज शाहजहांपुर, कानपुर देहात के प्रबंधक भी रहे, वे आजीवन दलित, शोषित, पीड़ित एवं वंचित समाज के उत्थान हेतु प्रयासरत रहे और आज अपनी देह भी चिकित्सकीय अनुसंधान हेतु समाज को समर्पित कर गए, *युग दधीचि देहदान अभियान के अंतर्गत यह 316वीं देह दान कराई गई है।


