नरवल की छात्रा शिवानी की हैंडराइटिंग ने जनतादर्शन में बटोरी सुर्खियां, डीएम ने किया सम्मानित
Kanpur। जनतादर्शन में आमतौर पर लोग अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद लेकर पहुंचते हैं, लेकिन बुधवार को यहां एक अलग ही तस्वीर देखने को मिली। एक आवेदन पत्र की सुंदर और सधी हुई लिखावट ने न सिर्फ मौजूद लोगों का ध्यान खींचा, बल्कि जिलाधिकारी को भी प्रभावित कर दिया।
नरवल क्षेत्र से आए रामसजीवन अपने पेड़ों के विवाद से जुड़ा आवेदन लेकर जनतादर्शन पहुंचे थे। जब उनका आवेदन जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह के सामने प्रस्तुत किया गया तो उसकी लिखावट देखकर वह कुछ क्षण के लिए रुक गए। कागज पर उकेरे गए अक्षर इतने साफ, संतुलित और आकर्षक थे कि पहली नजर में यह कंप्यूटर से टाइप कर प्रिंट किया हुआ प्रतीत हुआ। करीब से देखने पर पता चला कि यह पूरी तरह हाथ से लिखा गया है।

आवेदन की लिखावट ने वहां मौजूद अधिकारियों, कर्मचारियों और अन्य फरियादियों को भी हैरान कर दिया। कई लोग उत्सुकता में आवेदन को पास जाकर देखने लगे और उसकी सराहना करने लगे। कुछ देर के लिए जनतादर्शन कक्ष में यह आवेदन चर्चा का विषय बन गया

जिलाधिकारी ने रामसजीवन से पूछा कि यह आवेदन किसने लिखा है। इस पर उन्होंने बताया कि यह उनकी पोती शिवानी ने लिखा है, जो हाल ही में कक्षा नौ उत्तीर्ण कर अब कक्षा दस में अध्ययनरत है। यह सुनकर जिलाधिकारी ने छात्रा की जमकर प्रशंसा की और कहा कि इतनी सुंदर और संतुलित लिखावट आज के समय में कम ही देखने को मिलती है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर एसडीएम नरवल विवेक कुमार मिश्रा ने मामले का त्वरित निस्तारण भी कराया। साथ ही छात्रा को प्रोत्साहित करने के लिए उसे पेन सेट, किताब और स्कूल बैग देकर सम्मानित किया गया। जिलाधिकारी ने उसकी कॉपियों का अवलोकन भी किया, जिनमें एक जैसी सुंदर लिखावट देखकर वह काफी प्रभावित हुए।
शिवानी महर्षि दयानंद बब्बू लाल इंटर कॉलेज, उमरी नरवल की छात्रा हैं। खास बात यह है कि उसने कभी किसी संस्थान से कैलियोग्राफी का प्रशिक्षण नहीं लिया है, बल्कि अपनी मेहनत और अभ्यास से ही यह हुनर विकसित किया है।शिवानी के बाबा रामसजीवन ने बताया कि उसे बचपन से ही साफ और सुंदर लिखने की आदत है। जब भी वह किसी के लिए आवेदन या पत्र लिखती है, लोग उसकी लिखावट की विशेष रूप से सराहना करते हैं। अब यही खूबी उसकी पहचान बनती जा रही है।


